CTET PAPER 2 · Hindi
अध्ययन-संदर्भ: दिए गए गद्यांश में साहित्य और समाज के गहरे संबंध की चर्चा है। ऐसा साहित्य कालजयी माना गया है जो समय की सीमाओं से आगे जाकर मानवीय सत्य की व्याख्या करे, टूटते मूल्यों पर चिंता व्यक्त करे और संवेदनाओं के माध्यम से मनुष्यता में विश्वास बनाए रखे। लेखक ऐसे साहित्यकारों को महत्त्व देता है जिनके विचार हर युग में प्रासंगिक रहें और जिनकी रचनाएँ समाज को जागरूक तथा प्रकाशित करने का दायित्व निभाएँ। समाज को गति और दिशा देने में स्रोत के अनुसार किसकी भूमिका बताई गई है?
- साहित्य
- विज्ञान
- तकनीकी विकास
- शिक्षा
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